गोंदिया: खरीफ 2026 के लिए राज्य सरकार ने 265 तहसीलों को Trigger-1 सूखाग्रस्त घोषित किया है। लेकिन गोंदिया जिले से सिर्फ तिरोड़ा तहसील का नाम इस सूची में शामिल हुआ — जिले की बाकी 7 तहसीलों को बाहर रखा गया, जिससे किसानों में भारी नाराजगी है।
जिले में इस साल 1.94 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में धान की बुआई हुई थी। लेकिन शुरुआत में समय पर बारिश न होने, मानसून की बेरुखी और फसलों में कीट प्रकोप के कारण फसलें बर्बाद होने की कगार पर पहुंच गई हैं। कई बार कीटनाशकों का प्रयोग करने के बावजूद फसलों को बचाना मुश्किल हो रहा है।
किसानों की मांग है कि जिले की बाकी 7 तहसीलों को भी तुरंत सूखाग्रस्त सूची में शामिल किया जाए और नुकसान के पंचनामे हों। सामाजिक कार्यकर्ता सौरभ रोकड़े ने कहा — संपूर्ण जिले को सूखाग्रस्त घोषित करो, किसानों को बोनस दो, वरना आंदोलन किया जाएगा। कृउबास उपसभापति राजकुमार पटले ने भी किसानों को आर्थिक मदद देने की मांग की है।
शासन के निर्णय के अनुसार अब जिलाधिकारी को दुष्काळग्रस्त भागात पंचनाम्याची कार्यवाही सुरू करनी है — सर्वेक्षण में पिकांची प्रत्यक्ष स्थिती दर्शविणारे छायाचित्र व GPS निर्देशांक संकलित किए जाएंगे और पीक परिस्थितीचा अहवाल कृषी आयुक्तांमार्फत शासनाकडे सादर होगा।
मुख्य बातें
- खरीफ 2026: राज्य की 265 तहसीलें Trigger-1 सूखाग्रस्त; गोंदिया से सिर्फ तिरोड़ा
- जिले में 1.94 लाख हेक्टेयर धान की बुआई; कम बारिश व कीट प्रकोप से फसल को भारी नुकसान
- मांग: बाकी 7 तहसीलों को सूची में शामिल करो, तुरंत पंचनामे हों
- सौरभ रोकड़े: पूरा जिला सूखाग्रस्त घोषित हो, बोनस मिले — वरना आंदोलन
स्रोत: बोल बिंदु न्यूज़
Comments
Post a Comment