गोंदिया: विदर्भ के बाकी हिस्सों में सूखे की चिंता के बीच गोंदिया जिले के किसानों के लिए अच्छी खबर है — जिले के 6 में से 5 बांध लगभग पूरे भर चुके हैं और इनमें जमा पानी का 90% से ज्यादा हिस्सा सिंचाई के लिए सुरक्षित है।
जिला अधिकारियों की रविवार सुबह (4 अक्टूबर) की रिपोर्ट के मुताबिक गोंदिया के सबसे बड़े संजय सरोवर (410 MCM) और इटियाडोह (317.87 MCM) 100% भर गए हैं — इटियाडोह अभी भी ओवरफ्लो हो रहा है। सिरपुर और कालीसरा में 98-98% और पुजारीटोला में 85% जल भंडारण दर्ज किया गया है।
इन बांधों से गोंदिया के साथ-साथ गढ़चिरोली और भंडारा के खेतों को भी सिंचाई का पानी मिलता है। पड़ोसी छत्तीसगढ़ में भारी बारिश और जिले में बादलों के घने छाए रहने से भंडारण बढ़ा है। केवल राजीव सागर (बावनथड़ी) 32% पर है — इसका ज्यादातर जलग्रहण क्षेत्र मध्य प्रदेश में पड़ता है, जहां इस बार बारिश कम हुई।
कुल मिलाकर गोंदिया के 6 बांधों में 1,028.6 MCM जीवंत भंडारण है, जो पिछले साल के 1,196.2 MCM से थोड़ा कम है — लगभग पूरा अंतर राजीव सागर की वजह से है। इटियाडोह के सेक्शन इंजीनियर केतन गिरहेपुंजे के मुताबिक, इटियाडोह के पानी का करीब 99% सिंचाई में और 1% पेयजल में जाता है। प्रशासन ने नदी किनारे के गांवों को सतर्क रहने की अपील की है।
गोंदिया के बांधों में कितना पानी
- गोंदिया के 6 में से 5 बांध लगभग पूरे भरे; संजय सरोवर और इटियाडोह 100%, सिरपुर-कालीसरा 98%, पुजारीटोला 85%
- इटियाडोह ओवरफ्लो — गोंदिया, गढ़चिरोली और भंडारा को मिलती है सिंचाई; राजीव सागर सिर्फ 32% पर
- कुल जीवंत भंडारण 1,028.6 MCM (पिछले साल 1,196.2 MCM); छत्तीसगढ़ की बारिश से बढ़ा भंडारण
- नदी किनारे के गांवों को सतर्कता की अपील; वैनगंगा और बाघ खतरे के निशान से नीचे
Comments
Post a Comment